तारीख: 13 Dec 2025
" ॥आस्था का पर्व माघ मेला प्रयागराज॥"
नमस्कार।
जैसा कि नाम से ही स्पष्ट है, कि हमारा सनातन धर्म अनादि है, क्योंकि धरती पर जितने भी धर्म हैं, उनमें से सभी के कोई न कोई प्रवर्तक हैं, किन्तु सनातन ही एक ऐसा धर्म है, जिसका कोई एक प्रवर्तक नहीं है। यह अनादि काल से ऐसा ही सतत प्रवाहमान है । इसकी मान्यताएं और इसके पर्व अनुपम व अद्वतीय हैं ।
वर्तमान में प्रयागराज में होने जा रहे माघमेला 2026 को ही देखिए जो संसार का अजूबा है। इस महापर्व के दौरान कम से कम पांच करोड़ लोगों के गंगा स्नान करने की संभावना है। जो अन्य धर्मावलंबियों के लिए कल्पनातीत है, किन्तु हम हिंदुओं के लिए यह सामान्य सी घटना है। क्योंकि हम लोग युगों-युगों से इसके अभ्यस्त हैं ।
इस वर्ष माघ मेला में विगत नौ वर्षों की भांति पूज्य दद्दा बाई की पुण्य स्मृति में वृहत शिविर आयोजित किया जा रहा है। आपसे निवेदन है कि आप अपने परिवार के साथ स्नान करने ही नहीं, अपितु 03 जनवरी से 2 फरवरी 2026 तक के कल्पवास के लिए प्रयागराज पधारें। हमारा प्रयास रहेगा कि सबके रहने व भोजन की व्यवस्था सेवा न्यास द्वारा रहे।
आइये इस आस्था के महापर्व में हम आप सभी माघ माह में स्नान कर अपने जीवन को सफल और सार्थक बनायें। कल की प्रतीक्षा न करते हुए आज को ही यादगार बनायें एवं अपना स्थान सुरक्षित करने के लिये पं. रमेश कुमार ओझा जी(प्रयागराज) से संपर्क कर सकते हैं।
पं. गणेश प्रसाद मिश्र सेवा न्यास द्वारा माघ मेला में विभिन्न सेवा कार्यक्रमों को संलग्न निमंत्रण पत्र के अनुसार आयोजित किया जा रहा है। इस निमंत्रण पत्र को ही मेरा व्यक्तिगत आमंत्रण पत्र स्वीकार करें।
॥डॉ. राकेश मिश्र॥
(अध्यक्ष, पं. गणेश प्रसाद मिश्र सेवा न्यास)